
केंद्रीय मंत्री डॉ. थावरचंद गहलोत की 43 वर्षीय बेटी योगिता सोलंकी का इंदौर के मेदांता अस्पताल में इलाज के दौरान निधन हो गया। योगिता कोरोना पॉज़िटिव हुई थी, और उज्जैन के संजीवनी अस्पताल में उनका इलाज चल रहा था। इस दौरान इलाज के दौरान ही योगिता को हार्ट अटैक आने के बाद इंदौर मेदांता अस्पताल में भर्ती करवाया। जहां उपचार के दौरान आज सुबह 10:30 बजे करीब योगिता का निधन हो गया। योगिता सोलंकी केंद्रीय मंत्री गहलोत की इकलौती बेटी थीं, मंत्री गहलोत के 3 बेटे हैं जिसमें से एक बेटा आलोट विधानसभा क्षेत्र से विधायक रह चुके हैं। योगिता का विवाह उज्जैन इंद्रानगर निवासी राजकुमार सोलंकी से साथ हुआ था।
बताया जा रहा है कि अंतिम यात्रा इंद्रा नगर निवास स्थित निवास से निकाली जाएगी। कोरोना की वजह से इसमें सीमित संख्या में लोग शामिल होंगे। वहीं, दोपहर बाद उज्जैन में उनका अंतिम संस्कार होगा। योगिता राजकुमार सोलंकी थावरचंद गहलोत की इकलौती बेटी थी। गहलोत उज्जैन जिले के नागदा के रहने वाले हैं। 2016 में उनके बेटे का भी दिल का दौरा पड़ने की वजह से निधन हो गया था।
मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने दुख व्यक्त किया
मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने थावरचंद गहलोत की बेटी के निधन पर दुख व्यक्त किया है। उन्होंने ट्वीट कर लिखा है कि आदरणीय साथी श्री @TCGEHLOT जी की सुपुत्री और आलोट के पूर्व विधायक श्री जितेंद्र गहलोत जी की बहन योगिता राजकुमार सोलंकी के निधन से अत्यंत दुःख हुआ। परिवार ने अपनी लाडली को खो दिया। ईश्वर दिवंगत आत्मा को शांति और पिता व परिजनों को यह गहन पीड़ा सहने की शक्ति दें। ॐ शांति!
