
जिले के कोतवाली थाना क्षेत्र के नई बस्ती स्थित मंगतराम हॉस्पिटल के डॉक्टर विशंभर लालवानी की कोरोना रिपोर्ट पॉसिटिव होने के बाद उन्हें व उनके परिवार को तहसीलदार रविन्द्र पटेल ने 20 अप्रैल को क्वॉरेंटाइन करा दिया था,तथा हॉस्पिटल को सील कर दिया है लेकिन अस्पताल सील होने के बाद भी डॉक्टर द्वारा अस्पताल के पीछे से मरीजों का उपचार किया जा रहा था। सोमवार को कलेक्टर प्रियंका मिश्रा के द्वारा औचक निरीक्षण के दौरान हॉस्पिटल में गाड़ी खड़ी होने पर हॉस्पिटल के पीछे दरवाजे से इलाज कर रहे डॉक्टर को रंगे हाथों पकड़ा गया जिसके बाद कलेक्टर द्वारा आला अधिकारियों को एफआईआर दर्ज करने के निर्देश दिए गए हैं।
कटनी जिले में कोरोना कर्फ्यू लगा हुआ है जिस पर कलेक्टर का साफ निर्देश है कि सभी हॉस्पिटल कोरोना प्रोटोकॉल के तहत ही मरीजों को देखेंगे और कार्य करेंगे। लेकिन कटनी के कोतवाली थाना क्षेत्र के नई बस्ती स्थित मंगतराम हॉस्पिटल के डॉक्टर विशंभर लालवानी के द्वारा कोरोना प्रोटोकॉल का लगातार उल्लंघन किया जा रहा था।
