
मध्य प्रदेश लोक सेवा आयोग द्वारा आयोजित राज्य सेवा एवं वन सेवा प्रारंभिक परीक्षा- 2021 में कश्मीर को लेकर पूछे गए विवादित प्रश्न पर मचे बवाल के बाद मध्य प्रदेश के गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा का बड़ा बयान सामने आया है। गृह मंत्री के निर्देश के बाद आयोग ने पेपर बनाने वाले दो लोगों पर कड़ी कार्रवाई की है।
गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा ने कहा कि MPPSC की राज्य सेवा प्रारंभिक परीक्षा 2021 में उम्मीदवारों से इस तरह का सवाल पूछना गलत है, ये आपत्तिजनक है, यह प्रश्न पत्र जिन 2 लोगो ने बनाया है, उन्हें आयोग ने नोटिस दिया गया है। दोनों को देशभर में निषेद कर दिया गया है और इसकी सूचना सभी जगह दे दी गई है।अब इनसे देशभर में कोई काम नहीं लिया जाएगा। वही उच्च शिक्षा विभाग और मध्य प्रदेश लोक सेवा आयोग (Madhya Pradesh Public Service Commission)को कार्रवाई करने को कहा गया है।
दरअसल, MPPSC की प्रारंभिक परीक्षा के दूसरे पेपर में कश्मीर को लेकर विवादस्पद प्रश्न पूछा गया था कि क्या भारत को कश्मीर को पाकिस्तान को दे देने का निर्णय कर लेना चाहिए ?सवाल के जवाब में दो तर्क दिए गए थे। पहला हां, इससे भारत का बहुत सा धन बचेगा। दूसरा नहीं, ऐसे निर्णय से इसी तरह की और भी मांगे बढ़ जाएंगी।छात्रों को प्रश्नों के उत्तर देने के लिए तर्क भी दिए गए थे, जिसके आधार पर उन्हें अपने उत्तर विकल्पों का चयन करना था। हालांकि ज्यादातर अभ्यर्थियों ने डी ऑप्शन पर टिक किया, जिसमें ए और बी दोनों को ही गैर बाजिव बताया गया था।
कश्मीर पर ये पूछा गया था सवाल
प्रश्न संख्या 48 में पूछा गया कि क्या भारत को कश्मीर पाकिस्तान को देने का फैसला करना चाहिए? और छात्रों को प्रश्न के साथ चुनने के लिए दो तर्क भी दिए।
- तर्क 1. हां, इससे भारत का धन बचेगा।
- तर्क 2. नहीं, इस तरह के निर्णय से समान मांगों में और वृद्धि होगी।
- उत्तर- ए- “तर्क 1” मजबूत है।
- बी- तर्क 2 मजबूत होता है।
- सी- तर्क 1 और तर्क 2 दोनों मजबूत हैं।
- डी- तर्क 1 और 2 दोनों ही मजबूत नहीं हैं।
