
अशोकनगर । मध्यप्रदेश में पंचायत चुनाव की सरगर्मी तेज हो चुकी है प्रथम एवं द्वितीय चरण के लिए नाम निर्देशन पत्र जमा हो रहे हैं इस बीच गांव में सरपंची के लिए अलग-अलग वाक्ये देखने में आने लगे हैं। ऐसा ही एक मामला अशोकनगर जिले में पंचायत के निर्विरोध सरपंच को चुनने को लेकर सामने आया है। यहां पर गांव के मंदिर में गांव वालों की बैठक में बोली लगाकर निर्विरोध सरपंच का चयन किया गया।
दुल्हन ने पहले पति से कार रूकवाई, फिर प्रेमी के साथ बाइक पर हुई फरार
भटौली ग्राम पंचायत के लोगों ने अपना सरपंच घोषित कर दिया। इसके लिए मंगलवार को गांव के राधा-कृष्ण मंदिर पर ग्रामीणों की बैठक हुई। इसमें सभी समाज और वर्ग के लोगों को बैठाया गया। यहां सरपंच पद के लिए चार अलग-अलग लोगों ने बोली लगाना शुरू की। अंतिम बोली सौभाग सिंह यादव ने 44 लाख रुपए की लगाई, जिसके बाद भरी सभा में सभी ने उन्हें निर्विरोध सरपंच मान लिया। भटौली ग्राम पंचायत चंदेरी जनपद के अंतर्गत आती है। यहां तीसरे चरण में मतदान होगा। इसके लिए अभी नामांकन की प्रक्रिया भी शुरू नहीं हुई। उससे पहले ही मंगलवार को ग्राम पंचायत के रहवासियों ने एक बैठक आयोजित की। यह बैठक मंदिर पर सुबह 11 बजे हुई। इसमें सरपंच पद के उम्मीदवारों को बुलाया गया।
कोरोना की रफ्तार तेज, आज मिले 18 पॉजिटिव,जिला अस्पतालों में होगी कोरोना की RTPCR जांच
सरपंच पद के लिए पहली बोली ही 21 लाख रुपए से शुरू हुई
राधा कृष्ण मंदिर में हुई बैठक के दौरान गांव वालों ने तय किया था कि जो भी बोली में हिस्सा लेगा, उसे पांच हजार रुपए जमा करने होंगे। इस बोली में चार लोगों ने हिस्सा लिया और अपने पांच-पांच हजार रुपए जमा कराए। बताते हैं कि मंदिर पर पहली बोली 21 लाख रुपए से शुरू हुई। इसके बाद यहां मौजूद अन्य उम्मीदवारों ने राशि बढ़ाकर बोली लगाई। यह बोली 43 लाख रुपए तक पहुंच गई, जिसके बाद सौभाग सिंह यादव ने 44 लाख रुपए की बोली लगा दी। इसी बीच दोपहर एक बज गए और बोली लगाने का समय समाप्त हो गया। सभी ने तय किया कि सौभाग सिंह को निर्विरोध सरपंच निर्वाचित किया जाएगा। कोई भी इनके सामने चुनाव नहीं लड़ेगा।
