
रीवा : करीब 70 वर्ष पहले दुनिया का पहला सफेद बाघ मोहन को पकड़ा गया था। इस ऐतिहासिक घटना के 70 वर्ष पूरे होने के खास संदर्भ को याद करते हुए रीवा राजघराने के मुखिया एवं पूर्व मंत्री महाराजा पुष्पराज सिंह ने ट्वीट कर एक नई राय भारत सरकार को देते हुए कहा है कि वर्तमान में संजय गांधी राष्ट्रीय उद्यान का नाम बदलकर मोहन राष्ट्रीय उद्यान रख देना चाहिए।
अपने प्रस्ताव के समर्थन में पुष्पराज सिंह का कहना है कि भारत में एक और संजय गांधी राष्ट्रीय उद्यान महाराष्ट्र राज्य में स्थित है। इसके अलावा विंध्य में ही रीवा संभाग में संजय गांधी के नाम से एक अस्पताल और एक ताप विद्युत गृह शहडोल संभाग विद्यमान है, इसलिए संजय गांधी राष्ट्रीय उद्यान का नाम बदले जाने में कोई आपत्ति नहीं होनी चाहिए।
दुनिया का पहला सफेद बाघ
विंध्य और खासकर रीवा को विश्व मानचित्र में एक विशेष पहचान दिलाने वाले सफेद बाघ मोहन को बांधवेश महाराजा मार्तण्ड सिंह जू देव ने सन 1951 में पकड़कर पूरी दुनिया को उससे परिचित कराया था। सफेद बाघ मोहन को बांधवेश महाराजा मार्तण्ड सिंह जू देव ने सीधी के बरगडी जंगल से पकड़ा था, जो कि वर्तमान में संजय गांधी राष्ट्रीय उद्यान के अंदर आता है। महाराजा मार्तण्ड सिंह ने उसे वहां से लाकर अपने गोविन्दगढ़ के किले में रखा, जहां न केवल दुनिया को इस दुर्लभ प्रजाति के दर्शन हुए बल्कि इसकी नस्ल को भी आगे बढ़ाकर दुनिया के कोने-कोने में भेजा गया, जिसके लिए पूरी दुनिया मोहन की शुक्र गुजार है।

1 comment
[…] खबरें और भी 👉👉👉 रीवा महाराजा पुष्पराज सिंह ने की माँग,… […]