
प्रदेश में कोरोना संक्रमण दर थोड़ा कम हुआ है, लेकिन चिंता की बात ये है कि मौतों की संख्या में बढ़ोतरी हुई है।कोरोना के बढ़ते प्रकोप के बीच फ्रंटलाइन वर्कस ने लगातार सक्रिय भूमिका निभाते हुए लोगों की जान बचाई है।डॉक्टरों ने भी अपने परिवारों को छोड़ दूसरों को बचाने पर जोर दिया है। ऐसे में कोरोना का सबसे ज्यादा खतरा भी उन्हीं पर रहा है। कोरोना की दूसरी लहर का असर डॉक्टरों पर भी नजर आ रहा है। मध्य प्रदेश में बीते 24 घंटों के दौरान 6 डॉक्टरों की मौत हुई है।इनमें भोपाल, ग्वालियर, उज्जैन और होशंगाबाद के डॉक्टर शामिल हैं।
मध्य प्रदेश में बीते 24 घंटों के दौरान 6 डॉक्टरों की मौत हुई है। इनमें भोपाल, ग्वालियर, उज्जैन और होशंगाबाद के डॉक्टर शामिल हैं।जिनमे भोपाल के नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉक्टर गुरदीप सिंह,भोपाल के चिरायु अस्पताल में भर्ती डॉक्टर उदय सिंह,प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र सेमरी होशंगाबाद में मेडिकल ऑफिसर शैलेंद्र सोनकिया,डॉक्टर अपेक्षा भाले, ग्वालियर के डॉक्टर देवेंद्र सिंघार व उज्जैन के वरिष्ठ सर्जन 78 साल के डॉ. के.के कंवल का कोरोना के इलाज के दौरान निधन हो गया।
