
सोमवार को मध्य प्रदेश विधानसभा के बजट सत्र के दौरान कांग्रेस की अंदरूनी लड़ाई खुलकर सामने आ गई। दिग्विजय सिंह के कट्टर समर्थक माने जाने वाले विधायक जीतू पटवारी ने राज्यपाल के अभिभाषण का विरोध कर दिया।इधर, बीजेपी के वरिष्ठ नेता और प्रवक्ता डॉ हितेश वाजपेई ने मध्यप्रदेश में कांग्रेस की हालत को लेकर तंज कसा है। उन्होंने ट्वीट करके लिखा है कि मध्य प्रदेश में कांग्रेस में दो इंजन हो गए हैं जो विपरीत दिशाओं में कांग्रेस को खींच रहे हैं और कांग्रेस की हालत खराब हो गई है।
दरअसल, कांग्रेस विधायक और पूर्व मंत्री जीतू ने आज सोमवार की सुबह एक ट्वीट किया था और लिखा था कि वह राज्यपाल के अभिभाषण का बहिर्गमन करेंगे। इस पर मध्य प्रदेश के गृह एवं जेल मंत्री डॉ नरोत्तम मिश्रा ने कमलनाथ से सवाल पूछा कि क्या यह पार्टी का फैसला है और राज्यपाल का अभिभाषण जब सामने ही नहीं आया तो केवल विरोध के लिए विरोध क्यों? । सदन में इस बात का जवाब देते हुए पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ ने कहा कि जीतू पटवारी के सदन से बहिर्गमन का मामला उनका व्यक्तिगत निर्णय है। पार्टी का इससे कोई लेना-देना नहीं।मामला यही खत्म नहीं हुआ। हैरत की बात यह रही कि जीतू पटवारी के साथ किसी भी विधायक ने बहिर्गमन नहीं किया और कांग्रेसी पूरी तसल्ली के साथ सदन में बैठकर राज्यपाल का अभिभाषण सुनते रहे।
अब इसे लेकर बीजेपी के सीनियर लीडर डा. हितेश वाजपेई ने ट्वीट किया है। डॉ.वाजपेई ने ट्वीट कर लिखा है कि “कांग्रेस की हालत उस रेलगाड़ी की तरह हो गई है जिसमें एक दिशा में एक इंजन कमलनाथ है और दूसरी दिशा में दूसरा इंजन दिग्विजय सिंह के रूप में….. पटवारी का विधानसभा से बहिर्गमन इस बात का द्योतक है कि कमलनाथ पर अब कांग्रेस धीरे-धीरे विश्वास खोती जा रही है।”मध्यप्रदेश में अब विधानसभा चुनाव को लेकर डेढ़ साल से भी कम का समय बचा है और ऐसे में यदि कांग्रेस के मतभेद इस तरह से सामने आते हैं तो जाहिर सी बात है इससे पार्टी को नुकसान ही होगा।
