
मध्य प्रदेश में कोरोना संक्रमितों का आंकड़ा 40 हजार पार हो गया है, ऐसे में शिवराज सरकारने हर जगह सख्ती करना शुरु कर दिया है।अब बिना मास्क के बस में एंट्री नहीं मिलेगी।अगर कोई यात्री बिना मास्क के पाया गया तो कंडक्टर-ड्राइवर के साथ बस मालिक पर भी कार्रवाई होगी।
मंगलवार को परिवहन एवं राजस्व मंत्री गोविंद सिंह राजपूत ने ‘मेरा मास्क-मेरी सुरक्षा’ को अभियान में बस अड्डे पर आने जाने वाली बसों का औचक निरीक्षण किया और कहा कि मास्क के बिना कोई भी व्यक्ति यात्रा ना करें। बस में बिना मास्क यात्री मिलने पर बस मालिक पर कार्यवाही की जाएगी। बस यात्रियों को समझाइश देते हुए मास्क पहनाए। कोरोना वायरस के बढ़ते प्रभाव से बचने का एकमात्र उपाय आपका मास्क ही है। उन्होंने ड्राइवर एवं कंडक्टर से कहा कि बिना मास्क के किसी भी यात्री को बस में न चढ़ने दे।
गोविंद सिंह राजपूत ने कहा कि कोरोना संक्रमण एक दूसरे के नजदीक आने और बिना मास्क के होने से बढ़ता है। सभी लोग मास्क लगाना अपनी नैतिक जिम्मेदारी समझे। तभी हम संक्रमण को फैलने से रोक सकते हैं। उन्होंने कहा कि मास्क लगाना सभी के लिए आवश्यक ही नहीं, अनिवार्य भी है। इसके लिए राज्य शासन ने जुर्माने का भी प्रावधान किया है।
मंत्री राजपूत ने कहा कि यात्री स्वयं भी किसी को बिना मास्क के देखे तो उसे टोके और मास्क पहनने के लिए बाध्य करें। महिला यात्रियों से अनुरोध किया है कि वे साड़ी के पल्लू या रुमाल को मास्क के रूप में इस्तेमाल न करें। हवाई जहाज में यात्रियों के लिए मास्क की अनिवार्यता के अनुरूप ही बसों में भी मास्क संबंधी दिशानिर्देश लागू करें। कंडक्टर-ड्राइवर को भी हिदायत दी कि अगली बार बिना मास्क के पाए गए तो कार्यवाही की जाएगी I
