2 हजार 640 करोड़ रूपये की राजस्व प्राप्ति के लक्ष्य से दो कदम दूर

बसों में यात्रियों को मास्क लगाना अनिवार्य –
परिवहन एवं राजस्व मंत्री श्री गोविंद सिंह राजपूत ने परिवहन विभाग की समीक्षा बैठक में कहा कि कोरोना के बढ़ते प्रकरणों को देखते हुए बस संचालकों को निर्देशित किया गया है कि यात्रियों के लिए मास्क अनिवार्य किया जाए। अब कोई भी यात्री बिना मास्क के यात्रा नहीं कर सकेगा। किसी भी यात्री बस में मास्क के बिना यात्री पाये जाने पर संबंधित वाहन मालिक, चालक, परिचालक के विरूद्ध कानूनी कार्यवाही कि जायेगी। इसके साथ ही मार्ग पर संचालित होने वाली यात्री बसों के बीच पर्याप्त अंतराल रखा जाएगा। उन्होंने कहा कि इसके संबंध में पृथक से दिशा निर्देश जारी किये जायेगे।
बसों के परमिट में रखा जाएगा पर्याप्त अंतराल-
मंत्री श्री राजपूत ने कहा कि प्रदेश में सड़क दुर्घटनाओं के विभिन्न कारणों में से एक बड़ा कारण बसों के समय में पर्याप्त अंतराल नहीं होना भी एक है। एक-दो मिनट के अंतराल से परमिट जारी होने पर सड़क पर बसों में प्रतिस्पर्धाएँ बढ़ती है जिससे चालक समय पर पहुँचने के दबाव में गाड़ी तेज गति से चलाते है। जिससे वाहनों की दुर्घटना की संभावना निरंतर बनीं रहती है। इसे रोकने के लिये आवश्यक है कि अधिकारी परमिट जारी करने के पूर्व यह सुनिश्चित करें की बसों के संचालन के बीच आवश्यकतानुसार पर्याप्त अंतराल रखा जाएं।
दिव्यांग यात्रियों को 50 प्रतिशत की छूट का प्रावधान-
मंत्री श्री राजपूत ने निर्देशित किया कि दिव्यांग यात्रियों के लिये यात्री बसों के किराये में 50 प्रतिशत की छूट दी जाना सुनिश्चित करें। यदि किसी वाहन संचालक द्वारा दिव्यांग यात्रियों को किराये में छूट प्रदान नहीं की जाती तो नियमानुसार कार्यवाही की जायेगी।
महिलाओं को कामर्शियल ड्रायविंग लायसेंस-
मंत्री श्री राजपूत ने बताया कि महिलाओं को आत्म-निर्भर बनाने की दिशा में कामर्शियल ड्रायविंग लायसेंस दिया जाना मध्यप्रदेश शासन का एक महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने कहा कि इस दिशा में इंदौर में महिलाओं के लिए वाहन चालन प्रशिक्षण केन्द्र खोला गया है। जहाँ महिलायें सुरक्षा के साथ वाहन चालन सीख सकेंगी। इसके अलावा महिलाओं के लिए कामर्शियल ड्रायविंग का भी प्रशिक्षण दिया जाएगा। महिलाओं के लिए पूरे प्रदेश में वाहन चालन प्रशिक्षण केन्द्र खोले जाने का लक्ष्य है।
